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जमी हुई यादें

हाय ये कम्बख्त ठंड, कितनी यादे ले आती है, जो मन में जमी पड़ी थी, सारी उ भ र  कर आती है मुंह से भाप निकलते हुए, स्वेटर पहन कर स्कूल जाना, राह में लगी आग पर हाथ सेंकने, वह कदमों का ठहर जाना | लडकपन से बाहर निकलते, यादों ने बदल दिये तेवर, धूप में चमकते उनके बालों ने, हमारी यादों में सजाए ज़ेवर | ठंडे ठंडे मौसम मे, उनके संग दो कदम चलना, उंगलियों के टकराने पर, मन ही मन मैं शर्मा जाना | आज के छोटे छोटे ये अनुभव, यादें बनकर रह जाएंगी, अगली ठंड पड़ते ही, बाहर  निकल कर आएगी | -Riskycase
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जलन

  कैसी है ये जलन, जो भितर तेरे समायें। जो प्यारा है सबसे, उसको क्यों जलाएं। ये कैसा प्यार है जो नफरत में ही बस जाएं, समझ लेना ये डर है, जो खुदही को  खुद से दुर ले जायें। मत कर इतनी नफ़रत, के उसकी आग सब कुछ जलाएं, एक बार सबकुछ खाक हुआ, तो उसमें कुछ भी ना उगा पाएं। कहकर गए वो ज्ञानी,  तुम साथ में कुछ ना लाए,  खाली हाथ आए थे,  फिर रेत मुठ्ठी में क्यों दबाएं। - Riskycase 

दुधी

दुपारच्या जेवणानंतर, झोपण्याआधी, सांग मला, भाजी आण्णार कधी? पिशवी घेउन, कापडी साधी, तडक निघालो, आणायला दुधी. का बरे दुधी? विचारेल कुणी. कारण दुधी आहे सर्वात गुणी. हलवा करुयात उद्याच्या सणी, नको नेहमीची भाजी लसूणी. दुधीचे गुण सांगु कीती, यकृत, हृदय आणि रक्ता साठी. वजन कमी करायला देतो गती, उपयोगी उत्तम पचनासाठी. पण एकही दुधी नाहीये बाजारात, रिकाम्या हातानी जावे कसे घरात? सगळाच रुबाब मिळेल केरात, पुन्हा झोप मोडून काढतिल वरात. - Riskycase 

Summer

Oh! you lovely summer, You are so harsh and bright. Going out and enjoying you, Since long time was a plight. Not long until she showed me, all the fun we had. During the summer vacations, as a young and active lad. To my surprise, I still remember playing in the Sun. Throughout the day, until the night, Was so much fun. And we waited for the king 🥭, to arrive, during your peak. And enjoy the quota of year, Just within a week. We waited to swim in the sea 🏊, throughout the winter, so cold! For the sun to shine on the sand, like a mine of gold. I hate you no more now, as I am learning to live. From the trees, and the breeze, I am learning to give. - Riskycase 

मंजिल अपनी अपनी

जाने क्यूं ऐसे मोड़ आते हैं, जिसपर चलने को मन ललचाता है, अंजानी दुनिया से अचानक, कोई प्यारा सा आता है| आप चल रहे हो अपनी धुन में, और वो आपको जगाता है, थोड़ी देर तक साथ चलकर, अगली मोड़ पर मुड़ जाता है। आप सोचते रहते हो, कैसे उन्हें रोका जाए, या फिर उनके संग, उनके रास्ते पर चले जाये| फ़िर ख्याल आता है, उनकी भी तो मंजिल है, साथ का सफर सिर्फ, चंग लम्हो का है| क्या पता अगले मोड पर, वह वापस मिल जाए, दो लम्हे साथ चलकर, फ़िर अपनी मंजिल चले जाये। - Riskycase

Daylight saving

 I have seen the magic happen, and it had one hour less. To my surprise it's day light saving, and my planning got in a mess. I had my way through the city of love, and dreamt of the morning sun, Soon to realize it's the Easter Sunday, and one hour disappeared in none. And from there I go to my destination, Waiting to reach my home, And the person to take me ignored the booking, as the date was April one. -Riskycase

चुंबक

एक दूजे की आँखों में खो जाए, ऐसी अपनी किस्मत नहीं, घुस्सा होकर पीठ दिखाये, ये भी कभी मुमकिन नहीं. अपना इश्क तो ऐसा है जाना, के तुम मुझे देखो नहीं, और कभी इच्छा हो ऐसी, तो मैं तुम्हें देखूंगा नहीं. कैसी गजब है अपनी मोहब्बत, एक दूजे के हुए नहीं, एक दूजे जैसा होकर भी, एक दूजे में मिले नहीं. -Riskycase